लोकतंत्र के सबसे बड़े मेले में रोमांचक रहा करमचन्द्रपुर का चुनाव, मलखान सिंह को मिला गांव का ताज

IMG-20200820-WA0008
IMG-20200831-WA0002
IMG-20200831-WA0003
IMG-20210112-WA0003
IMG-20210509-WA0000

उरई। हाल में संपन्न हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव लोकतंत्र के सबसे बड़े मेले के रूप में दिखे। कदौरा ब्लाक के करमचन्द्रपुर गांव में इसके अंतर्गत प्रधानी के चुनाव में रोमांचक संघर्ष देखने में आया। लगभग 2000 मात्र की वोटर संख्या वाले इस गांव में 14 प्रत्याशियों ने जोर आजमाइश की जिनमें मलखान सिंह यादव को साफ सुथरी छवि और गांव के विकास को लेकर स्पष्ट विजन के चलते कामयाबी मिली।
लोकतंत्र की लहर पंचायती चुनाव के साथ सबसे निचले स्तर तक प्रचंड होती जा रही है जिसकी मिसाल उक्त ग्राम में देखने को मिली। गांव की सत्ता में भागीदारी के लिए जबरदस्त उत्साह दिखाते हुए इस छोटे से ग्राम में 14 लोग मैदान में उतर आये थे फिर भी माहौल शांतिपूर्ण और गरिमामय रहा।
मुख्य मुकाबला मलखान सिंह यादव और उदय सिंह यादव के बीच हुआ। कुल पड़े 1578 मतों में 84 मत खारिज हो गये थे। मलखान सिंह को जहां 390 मत मिले वहीं उदय सिंह यादव को 231 मतों पर ही संतोष करके रह जाना पड़ा।
निर्वाचन के बाद मलखान सिंह यादव ने मजे हुए जन प्रतिनिधि की तरह अपनी भावी नीति के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि चुनाव के साथ ही सभी लोगों से उनका दुराव खत्म भले ही किसी ने वोट न दिये हों। बच्चों की शिक्षा और जरूरतमंदों की बिना भेदभाव मदद करना उनका मुख्य उद्देश्य होगा। गांव के चहुमुखी विकास का शानदार माॅडल पेश किया जायेगा।

0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Inline Feedbacks
View all comments