cropped-12065564_1515048802143994_20145587447710710_n.jpgउरई। पंचायत चुनाव समाप्त होते ही जन शिकायतों की सुनवाई के लिए महीने के प्रथम और तृतीय मंगलवार के दिन तहसील दिवस के आयोजन की व्यवस्था को शासन ने फिर बहाल कर दिया है। अगर किसी मंगलवार को अवकाश है तो अगले कार्य दिवस में इस आयोजन की व्यवस्था है।
यह जानकारी देते हुए जिलाधिकारी रामगणेश ने बताया कि तहसील स्तरीय तहसील दिवस में संबंधित तहसील के विभागीय अधिकारी सम्मिलित होंगे। जबकि जिला स्तरीय तहसील दिवस में विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष या अन्य जिला स्तरीय अधिकारी भाग लेंगे। जिलाधिकारी ने कहा कि जिला स्तरीय तहसील दिवस के 30 जून तक के आयोजन का रोस्टर तय कर दिया गया है।
इसके मुताबिक 5 जनवरी को जालौन, 19 जनवरी को उरई, 2 फरवरी को कोंच, 14 फरवरी को माधौगढ़, 1 मार्च को कालपी, 15 मार्च को जालौन, 6 अपै्रल को उरई, 19 अप्रैल को कोंच, 3 मई को माधौगढ़, 17 मई को कालपी, 7 जून को जालौन और 21 जून को उरई में जिला स्तरीय तहसील दिवस होगा। उन्होंने कहा कि तहसील दिवस के लिए 32 विभागों की सूची पहले से तैयार है जिनके अधिकारियों को अनिवार्य रूप से इस आयोजन में भाग लेना होगा। अनुपस्थिति की स्थिति में पहली बार चेतावनी दूसरी बार प्रतिकूल प्रविष्टि और तीसरी बार विभागीय कार्रवाई की सजा का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि तहसील दिवस की शिकायतों का निस्तारण एक सप्ताह में कर दिया जाना चाहिए। अगर कोई शिकायत अत्यंत जटिल प्रकृति की है तो उसका समाधान अधिकतम 15 दिन के अंदर हो जाना चाहिए अन्यथा कार्रवाई होगी।

Leave a comment