उरई। 70 वर्षीय नेत्रहीन ने गैस एजेंसी संचालक पर फर्जीबाड़ा करके अपनी जमीन गोदाम स्थापित करने के लिए हथियाने का आरोप लगाते हुए पुलिस अधिकारियों को दिये गये शिकायती पत्र में आरोपितों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की। थाना माधौगढ़ के ग्राम रमानीपुर निवासी रमेश चंद्र ने उक्त प्रार्थना पत्र में बताया कि उनकी जमीन जालौन कस्बे के निकट छौलापुर रोड पर मौजा गुढ़ा में स्थित है। जिसे उसके बाबा के समय से उसका परिवार जोतता आ रहा है। लेकिन 20 दिसंबर 2011 को जालौन के नारोभास्कर मोहल्ला निवासी सुआल मुहम्मद ने कागजात तैयार कराकर उसे रेखा सिंह पत्नी शिवशक्ति सिंह को बेच दिया। यह जानकारी होने पर सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत में उन्होंने वाद दायर किया जिसमें शिवशक्ति सिंह और रेखा सिंह विपक्षी पार्टी हैं और मामला अदालत में विचाराधीन है। उन्होंने कहा कि शिव शक्ति सिंह गैस एजेंसी संचालक हैं। जिनकी मंशा येन-केन-प्रकारेण उक्त जमीन पर काबिज होकर वहां अपनी गैस एजेंसी का गोदाम स्थापित करने की है। जबकि यह मानक के विपरीत है। क्योकि उक्त स्थान से हाईटेंशन विद्युत लाइन निकली है जिससे गैस गोदाम होने पर भीषण हादसे की आशंका से इंकार नही किया जा सकता। इसके बावजूद तीन माह पूर्व उसके भाई व चार अन्य के विरुद्ध शिव शक्ति सिंह ने एससी, एसटी की धाराओं तथा आईपीसी की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया दिया था तांकि उसे दबाव में लेकर सिविल मुकदमें में समझौते के लिए मजबूर किया जा सके। पुलिस ने विवेचना में शिव शक्ति सिंह के आरोपों को झूठा करार देते हुए जुर्म खारिज रिपोर्ट दाखिल कर दी और शिव शक्ति सिंह के खिलाफ 182 की कार्रवाई प्रस्तावित कर दी। इस बीच रमेश चंद्र के मुताबिक शिव शक्ति सिंह ने अपने लोगों से उस पर हमला करा दिया जिसकी आपराधिक विधिक कार्रवाई भी वह अपनी जानकारी के अनुसार करा रहा है। शिव शक्ति सिंह इस बौखलाहट में उसके विरुद्ध साजिश कराने की कोशिश में जुटे हैं। रमेश चंद्र ने ऐसी किसी भी साजिश से न्यायोचित संरक्षण और शिव शक्ति सिंह को उक्त जमीन अनिधिकृत होते हुए भी विक्रय करने वाले सुआल मुहम्मद के प्री-टाइटल की जांच कर दोनों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग का प्रार्थना पत्र पुलिस अधीक्षक को सौंपा है। जिसे उन्होंने जांच हेतु सीओ जालौन को अग्रसारित कर दिया है। दूसरी ओर शिव शक्ति सिंह का पक्ष इस बाबत ज्ञात नही हो सका है।





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