cropped-12065564_1515048802143994_20145587447710710_n.jpgउरई। शिक्षकों एवं शिक्षा मित्रों से शिक्षक बने की समस्याओं को लेकर उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक की बैठक अध्यापक भवन स्टेशन रोड उरई में जिला अध्यक्ष महेंद्र सिंह भाटिया के नेतृत्व में हुई।
बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष महेंद्र सिंह भाटिया ने पांच सूत्रीय मांगों को लेकर जिला बेसिक शिक्षाधिकारी राजेश कुमार वर्मा से मांग की। जिलाध्यक्ष भाटिया ने कहा कि शिक्षा मित्रों से शिक्षक बने शिक्षकों की अवशेष एरियर बिलों को खंड शिक्षाधिकारी कार्यालय से सामूहिक बनाकर दिसंबर माह के वेतन के साथ भुगतान कराया जायें तथा खंड शिक्षाधिकारियों को सामूहिक बिल प्रस्तुत करने के निर्देश दिये जायें जिससे शिक्षकों के शोषण से बचाया जा सके। नवीन नियुक्त विशिष्ट बीटीसी शिक्षक, सीधी भर्ती जूनियर शिक्षकों के वेतन जिन शिक्षकों का सत्यापन नही हो सका है। उनसे शपथ पत्र लेकर भुगतान कराया जाये। जनपद में कई ग्राम पंचायतों का गठन नही हो सका है इसलिए उन ग्राम पंचायतों में एमडीएम खाते का संचालन नही हो पा रहा है। जिससे विद्यालयों में एमडीएम बनाने में कठिनाई आ रही है। इसलिए मध्यान्ह भोजन निधि खातों को विद्यालय प्रबंध समिति के साथ प्रधानाध्यापक का खाता संचालन के लिए पत्र जारी किया जाये।
जिला मंत्री संजय दुबे ने अपने संबोधन में कहा कि शासन के तुगलकी फरमान शिक्षकों की उपस्थिति एसएमएस के जरिए कराने का संगठन द्वारा पुरजोर विरोध किया जायेगा। एसएमएस के बहाने शिक्षकों का उत्पीड़न अगर किया गया तो संगठन आंदोलन का रुख अख्तियार करेंगे। उन्होंने शिक्षकों से आवाहन किया कि शिक्षकों के मान, सम्मान एवं स्वाभिमान की रक्षा के लिए उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ जिलाध्यक्ष महेंद्र सिंह भाटिया के नेतृत्व में हमेशा संघर्ष करता रहेगा।
बैठक में संजय दुबे, हरीसिंह राजपूत, नरेश निरंजन, अनुराग मिश्रा, अरविंद बड़ेराजा, युद्धवीर कंथरिया, अशोक त्रिपाठी, दीपक पाठक, राजेश शुक्ला, बृजेंद्र राजपूत, सोम त्रिपाठी, योगेंद्र सिंह जादौन, शैलेंद्र निरंजन, बब्ले, विद्यासागर मिश्रा, अरुण निरंजन, राममोहन बाजपेयी, रामराजा निरंजन, कृष्णकांत बाजपेयी, रामसनेही राजपूत, दिनेश नामदेव, प्रेमचंद्र, अजय कुमार सहित कई शिक्षक उपस्थित रहे।

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