उरई।
सफाई मजदूर संघ के पदाधिकारियों ने यहां कर्मवीर भग्गूलाल बाल्मीकि को श्रद्धांजलि अर्पित करने आये उत्तर प्रदेश अनुसूचित जाति जन जाति वित्त विकास निगम के अध्यक्ष दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री लालजी प्रसाद निर्मल को ज्ञापन सौंपकर उनसे मांग की कि वे प्र्रदेश सरकार से संविदा पर स्थानीय निकायों में कार्यरत सफाई कर्मचारी के दिवंगत होने पर उसके आश्रित के उसके स्थान पर नियोजन के लिये शासनादेश जारी करायें।
सफाई मजदूर संघ के जिलाध्यक्ष संतोष बाल्मीकि के नेतृत्व में उनसे मिले प्रतिनिधि मंडल में उपाध्यक्ष प्रमोद बाल्मीकि, चांद खां, उदय राज, विजय बाल्मीकि, अजय नाहर, धीरेन्द्र कोटरा, सतीश नाहर, सीताराम जादौन, डीपी यादव, राजेश मच्चक आदि शामिल थे। इन लोगों ने 4 सूत्रीय ज्ञापन में बताया कि कर्मयोगी स्वर्गीय भग्गूलाल बाल्मीकि के पुत्र रवीन्द्र संविदा सफाई कर्मचारी के रूप में कार्यरत थे जिनका गत 25 जून को बीमारी के कारण निधन हो गया था। उनके परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद दयनीय है। लेकिन फिर भी उनकी पत्नी सीमा को उनके स्थान पर संविदा सफाईकर्मी बनाने का अनुरोध स्वीकार नहीं किया गया। प्रतिनिधि मंडल ने श्री निर्मल को बताया कि इसके पूर्व 9 संविदा सफाई कर्मचारियों की अकाल मृत्यु हो चुकी है जिनके आश्रित नियोजित करने पर ध्यान नहीं दिया गया। एक अन्य मुद्दे की ओर ध्यान आकर्षित करते हुये ज्ञापन में बताया गया कि नगर पालिका के संविदा सफाई कर्मियों को सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों का लाभ नहीं दिया जा रहा है जबकि अन्य विभागों में संविदा कर्मियों को इसके दायरे में शामिल किया जा चुका है। यह अन्याय है जिसे समाप्त कराया जाये।
यह भी मांग की गयी कि 2018 से संविदा सफाई कर्मचारियों का पीएफ काटा जा रहा है जिसका लाभ अभी तक किसी संविदा सफाई कर्मचारी को नहीं दिया गया है। संविदा सफाईकर्मी नगर पालिका परिषद से अपनी समस्याओं का समाधान चाहते हैं। श्री निर्मल ने सफाई कर्मचारियों के प्रतिनिधि मंडल को शासन के स्तर पर उनकी समस्याओं के हल हेतु व्यक्तिगत रूप से प्रयास का आश्वासन दिया।







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