14orai01उरई। मातृ पितृ पूजन दिवस एवं शहीद दिवस के उपलक्ष्य में संकल्प सेवा संस्थान द्वारा जिला चिकित्सालय परिसर में रक्तकोष पर स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन कालपी देवी बलखण्डी देवी के महन्त जमुनादास जी महाराज की देखरेख में किया गया। शिविर का विधिवत शुभारम्भ जिलाधिकारी रामगणेश ने फीता काटकर किया।
जिलाधिकारी ने इस अवसर पर कहा कि रक्तदान समाज सेवा और परोपकार का सबसे बड़ा अनुष्ठान है। क्योंकि आपका रक्त जरूरत के समय किसी के जीवनदान के काम आता है। उन्होंने कहा कि रक्तदान करने से शरीर में किसी भी प्रकार की कमजोरी नहीं आती। यह बात सारे जाने माने चिकित्सक स्पष्ट कर चुके है। बल्कि रक्तदान करने से शरीर को नई स्फूर्ति प्राप्त होती है। उन्होंने आज रक्तदान के लिये आये सभी स्वयं सेवियों को उनके कार्य के लिये बधाई दी और कहा कि वे लोग समाज में अभिनन्दनीय है। दूसरे लोगों को भी उनका अनुकरण करना चाहिये। रेडक्रास सोसाइटी के सचिव अभय द्विवेदी ने कहा कि रक्तदान के अलावा वृक्षारोपण, स्वच्छता और साक्षरता जैसे सामाजिक मिशनों में भी भूमिका निभाने के लिये लोगों को आना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि देश और समाज में सिर्फ सरकार और प्रशासन के सहारे कोई सुधार होना सम्भव नहीं है। सामाजिक प्रयास सरकारी कार्यक्रमों और कानूनों से कहीं अधिक प्रभावी सिद्ध होते है।
कार्यक्रम में उपस्थित मुख्य चिकित्साधीक्षक डा. बी.बी.आर्या ने कहा कि बाजार से खरीद कर जरूरतमंद को खून चढ़ाना खतरे से खाली नहीं होता। ज्यादातर पेशेवर खून बेचने वाले लोगों से यह रक्त लिया जाता है जो कि कई बार संक्रमित होता है जिससे मरीज को लाभ की बजाय गंभीर क्षति की आशंका रहती है। इसीलिये स्वैच्छिक रक्तदान को प्रोत्साहित किया जा रहा है। ताकि लोगों का शुद्ध और निरापद खून जरूरतमंदों के लिये जुटाने में कामयाबी हासिल की जा सके। रक्तदान करने वालों में भारत सिंह यादव, धर्मेन्द्र चैहान, बृजेन्द्र सिंह, जगत यादव, मनीष गुप्ता, जितेन्द्र गुप्ता, हर्षित खन्ना, योगेश द्विवेदी, सौरभ कुमार, अमित पाण्डेय और चरन सिंह उल्लेखनीय रहे।

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