09orai01 09orai02उरई। डायट प्रधानाचार्य के खिलवाड़ के कारण बीटीसी प्रशिक्षणार्थियों के सब्र का बांध आज टूट गया। प्रशिक्षणार्थियों ने पिण्डारी स्थित डायट भवन में हंगामा करते हुए तोड़फोड़ की। इसके बाद नेशनल हाइवे भी जाम कर दिया। लगभग पांच घंटे तक आक्रोशित प्रशिक्षणार्थियों का विरोध प्रदर्शन जारी रहा। थानाध्यक्ष बृजनेश सिंह ने प्रशिक्षणार्थियों को जी-तोड़ मशक्कत की तब स्थिति नियंत्रित हो सकी।
राजकीय इंटर काॅलेज के प्रधानाचार्य मुन्नी लाल वर्मा को पहले से ही काफी विवादित होने के बावजूद डायट प्रधानाचार्य का अतिरिक्त पदभार राजनीतिक दबाव की वजह से दे दिया गया है जो कि प्रशासन के लिए भारी सिद्ध हो रहा है। भ्रष्टाचार व गैर जिम्मेदार कार्यशैली के लिए कुख्यात मुन्नी लाल वर्मा ने डायट में धांधली की इंतहा कर दी है जिससे प्रशिक्षणार्थी कई दिन से परेशान थे।
प्रधानाचार्य प्रशिक्षाणार्थियों को काॅलेज आवंटन के लिए एक हफ्ते से चक्कर कटवा रहे थे। शुक्रवार को उन्होंने पूरा आश्वासन देकर प्रशिणार्थियों को बुलवाया। दूर-दूर के रहने वाले प्रशिणार्थी एक बार फिर सुबह से ही घर से चलकर किसी तरह पिण्डारी पहुंचे। लेकिन वहां चपरासी के अलावा किसी के भी दर्शन नही थे। छात्रों ने काफी देर इंतजार किया लेकिन न तो प्रधानाचार्य आये और न ही डायट का कोई अन्य जिम्मेदार अधिकारी। इससे छात्र भड़क गये और उन्होंने नारेबाजी करते हुए पथराव कर दरवाजों के शीशे तोड़ दिये। इसके बाद छात्रों की भीड़ नेशनल हाइवे पर पहुंच गई और उन्होंने सड़क जाम कर दी।
एट थानाध्यक्ष बृजनेश यादव भारी फोर्स लेकर स्थिति संभालने मौके पर पहुंचे, लेकिन उन्होंने सूझबूझ से काम लिया। बल प्रयोग की बजाय प्रशिक्षणार्थियों की समस्यायें पूरी हमदर्दी से सुनी। इसके बाद उनके हस्तक्षेप पर कटआॅफ की काॅलेजवार सूची आनन-फानन में डायट में चिपका दी गई। लेकिन इस सूची में सीमित छात्रों के नाम थे। एक विसंगति यह भी थी कि उच्चतम् मैरिट वाले छात्रों के नाम सूची से नदारत थे जबकि निचली मैरिट वालों के नाम एलाटमेंट की सूची पहले जारी कर दी गई इस पर छात्र फिर भड़के। शाम तक यह ड्रामा जारी था। एसओ बृजनेश सिंह छात्रों को संभालने में अकेले जुटे थे। लेकिन डाॅयट के प्रधानाचार्य और अन्य जिम्मेदारों को देर शाम तक भी मौके पर आने की फुरसत नही मिल पाई थी।

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