कुठौन्द-उरई । स्थानीय निवासी संतोष बाल्मीकि ने थाने में लिखित प्रार्थना पत्र देकर बताया कि वह 18 नवंबर सुबह बाजार में झाड़ू लगाने गया था जिसके कारण उसकी पत्नी घर पर अकेली थी। तभी पुरानी रंजिश के चलते सुबह 7:00 बजे पप्पू और बालवीर दरवाजे पर आकर उसकी पत्नी को गंदी गालियां देते हुए लाठी डंडा लेकर मारने के लिए दौड़े । मोहल्ला वालों ने विरोध किया तो वह धमकी देते हुए भाग निकला। पप्पू जब प्रार्थना पत्र देने के लिए थाने गया तो पुलिस का रवैया ठीक न होने के कारण उसे मायूस लौटना पड़ा।शिकायत है कि थाना कुठौंद में अब यह हाल है किफरियादियों के प्रार्थना पत्रों को कचरे के डब्बे में डाल दिया जाता है । दलालों का बोलबाला थाने में रहता है जिनके बिना कोई काम नहीं होता ।






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