0 नई पुरानी दो दर्जन बैट्रियों सहित दो वाहन भी पकड़े गये
konch1 konch2 konch3कोंच-उरई। इलाके में सक्रिय बैट्री चोरों के गिरोह के एक सदस्य को भारी संख्या में चोरी की बैट्रियों सहित पुलिस ने धर दबोचने में सफलता अर्जित की है। उक्त गिरोह आज कस्बे के रोडवेज बस स्टैंड के सामने स्थित एक बैट्री की दुकान की शटर उमगा कर चोरी करके भाग रहा था। सूचना पर हरकत में आई पुलिस ने पीछा करके ग्राम पचीपुरा के पास उक्त बदमाश को दबोच लिया, जबकि अन्य साथी भागने में कामयाब रहे। पुलिस ने अभी सारा मामला पर्दे के पीछे बना कर रखा है, समझा जा रहा है कि पूछताछ में पुलिस और भी राज उगलवाना चाहती है। पकड़ा गया व्यक्ति कहीं बाहर का है और उसके अन्य तकरीबन आधा दर्जन साथी पुलिस को चकमा देकर फरार हो जाने में कामयाब रहे हैं। पुलिस ने दो दर्जन बैट्रियों से लदा एक चार पहिया वाहन तथा एक बाईक भी बरामद की है। सूत्रों की अगर मानें तो मुख्य सरगना अभी पुलिस पकड़ में नहीं आया है। गिरोह में एक महिला सदस्य के भी होने का दावा किया जा रहा है।
आज सुबह तकरीबन चार बजे के आसपास रोडवेज बस अड्डे के ठीक सामने स्थित छुन्ना बैट्री सर्विस जिसका संचालक इरफान अहमद उर्फ छुन्ना पुत्र मोहम्म्द हफीज निवासी जयप्रकाश नगर कोंच है, की दुकान का शटर सब्बल से उमगा कर चोरों ने उसकी दुकान से 25 बैट्रियां और एक इंवर्टर पर हाथ साफ करके सेन्ट्रो यूपी 78 एडी 2572 में लोड की और मौके से निकल लिये। किसी ने उक्त वारदात को लेकर पुलिस को सूचना कर दी जिस पर इंसपेक्टर मनवीर सिंह, एसएसआई अजय कुमार सिंह, दरोगा उदयपाल सिंह, सिपाहियों श्रीप्रकाश, यूसुफ, बच्चाबाबू आदि ने गिरोह का पीछा किया तो जालौन रोड पर ग्राम पचीपुरा के पास उन्हें एक बाईक संख्या यूपी 77 डी 2934 व सेन्ट्रो गाड़ी हाथ लग गई, इसके साथ ही एक व्यक्ति भी पुलिस के हत्थे चढ गया लेकिन गिरोह के अन्य साथी मौके से भागने में कामयाब हो गये। सेन्ट्रों गाड़ी बैट्रियों से भरी है। अभी पुलिस ने मामले का पर्दाफाश नहीं किया है, समझा जा रहा है कि पकड़े गये आरोपी से पूछताछ जारी है और पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों तक पहुंचने की कोशिश में है। चोरों के तार कानपुर से जुड़े होने का एक पुख्ता सबूत बरामद गाडियां भी हैं जो कानपुर देहात और कानपुर नगर में रजिस्टर्ड हैं, पुलिस इनके मालिकों का भी पता लगाने में जुटी है।
इंसेट में-
बाईक से रेकी करता है गिरोह
पुलिस को हस्तगत हुई बाईक कानपुर देहात तथा सेन्ट्रो कानपुर की बताई गई हैं। मिली जानकारी के मुताबिक चार पहिया वाहन चोरी का सामान भरने में प्रयुक्त किया जाता है और बाईक रेकी के काम आती है। बताया गया है कि बाईक से गिरोह के लोग पहले रेकी करते थे कि किस दुकान पर धावा बोलना है, जब वहां की सारी सूचनायें एकत्रित कर लेते थे तभी घटना को अंजाम दिया जाता था। बाईक का प्रयोग पुलिस की गतिविधियों पर भी नजर रखने के लिया जाता था।
इंसेट में-
केवल बैट्रियां ही चुराता है गिरोह
कितनी अजीब बात है कि इतना सारा रिस्क लेकर इस गिरोह की पसंद केवल बैट्रियां ही हैं। मिली जानकारी में बताया गया है कि इस गिरोह का निशाना केवल बैट्री की ही दुकानें रहती हैं और फोरव्हीलर का उपयोग बैट्रियां ढोने में किया जाता है। यह भी अनुमान लगाया गया है कि चुराई गईं बैट्रियां संभवतरू कानपुर में डिस्पोज ऑफ की जाती हैं। यह सारा कुछ पूछताछ के बाद ही निकल कर सामने आयेगा कि इस गिरोह का सरगना कौन है। उरई और जालौन में पूर्व में जिन लोगों की दुकानों में से बैट्रियों की चारी हुई है वे लोग भी कोंच आकर इस बात की तस्दीक कर रहे हैं कि यही चार पहिया वाहन है जिसके द्वारा घटनाओं को अंजाम दिया जाता रहा है।

Leave a comment