हड़ताल के कारण अस्त व्यस्त थी विद्युत आपूर्ति व्यवस्था

 

 

 

कोंच-urai । पिछले चार दिन से जारी बिजली कर्मियों की हड़ताल रविवार को समाप्त हो गई है और वे काम पर लौट आये थे। यह हड़ताल अधिशासी अभियंता खंड प्रथम सुभाष सचान से वार्ता के बाद समाप्त हुई है। विभाग ने कर्मचारियों की सभ्ज्ञी जायज मांगें मान ली हैं और उन पर शीघ्र ही अमल का भरोसा दिया है। बिजली कर्मियों की इस टूल डाउन हड़ताल के कारण बिजली आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह से बेपटरी हो गई थी और नागरिकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। आज जब कर्मचारियों और अधिकारियों के बीच वार्ता का दौर जारी था तब सैकड़ों की संख्या में नागरिक इस वार्ता की परिणति जानने के लिये 33/11 विद्युत उपकेन्द्र पर जमे थे। हड़ताल खत्म होने के बाद उन्होंने भी राहत की सांस ली है।

विगत पांच जुलाई से उपखंड कोंच के सभी विद्युत कर्मी वेतन नहीं मिलने के कारण टूल डाउन हड़ताल पर थे जिसके कारण बिजली आपूर्ति में आ रही बाधायें दूर नहीं हो पा रहीं थीं और उपखंड के सभी चारों 33/11 बिजलीघरों से जुड़े लोग परेशानियां भुगतने को मजबूर थे। उरई रोड स्थित 33/11 विद्युत उपकेन्द्र पर डटे इन कर्मचारियों से हालांकि एसडीओ पुरुषोत्तम सिंह दो दिन से वार्ता कर रहे थे लेकिन कर्मचारी मान नहीं रहे थे। रविवार को अधिशासी अभियंता खंड प्रथम सुभाष सचान भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने विंदुवार कर्मचारियों की समस्यायें सुनीं तथा विंदुवार उनका निराकरण किया। कई घंटे चली इस वार्ता में जो समस्यायें तत्काल निराकरण योग्य नहीं थीं उन पर भी उन्होंने सकारात्मक रुख दिखा कर अंतत: उन्हें हड़ताल खत्म करने पर राजी कर लिया। इस दौरान जितेन्द्रसिंह, भगवानदास, धीरजकुमार, सूरजसिंह, अखिलेश, राजकुमार, बलवीर, उमेश, प्रदीप झा, संदीप झा, धनपालसिंह, विक्रमसिंह, राजेन्द्रसिंह, सुनील, सनी, नीरज, जगदीश, सुरेन्द्र, कमलेश, छोटेलाल, रामकेश, जीतू आदि मौजूद रहे। गौरतलब यह भी है कि इस हड़ताल के कारण विद्युत आपूर्ति बुरी तरह बाधित चल रही थी लिहाजा इस वार्ता का लब्बोलुआब जानने के लिये सैकड़ों नागरिकों की भीड़ बिजलीघर पर मौजूद थी और हड़ताल समाप्त होने पर उन्होंने भी चैन की सांस ली है। कर्मचारी काम पर लौट आये हैं और जहां जहां फॉल्ट थे उन्हें ढूंढ ढूंढ कर ठीक करने का काम भी शुरू कर दिया गया है।

 

 

दस हजार से ऊपर का बकायेदार लाओ, इनाम पाओ

 रविवार को कर्मचारियों की हड़ताल समाप्त करवाने आये अधिशासी अभियंता सुभाष सचान ने बिजली कर्मियों से कहा कि बिलों की बसूली की स्थिति काफी खराब है, खासतौर पर ग्रामीण अंचल में महज आठ से नौ फीसदी ही बसूली हो पा रही है। ऐसे में उनके लिये सुनहरा अवसर आमदनी बढाने का है, दस हजार से अधिक के बकायेदार ढूंढ कर लाओ और दो फीसदी इनाम में पाओ। उन्होंने निजी नलकूपों के उपभोक्ताओं से भी आह्वïान किया है कि किसी भी बिषम स्थिति से बचने का एक ही तरीका है कि अपने बिलों का भुगतान समय से करें ताकि उन्हें उम्दा बिजली मिल सके।

 

 

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