उरई। उत्तर प्रदेश जर्नलिस्ट एसोसिएशन का 34वें प्रांतीय अधिवेशन और दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ शनिवार को अतिथियों ने मां सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्जवलित कर किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता उपजा के प्रदेश अध्यक्ष दीपक अग्निहोत्री ने की। मुख्य अतिथि के रूप में उपजा के राष्ट्रीय सचिव और इलाहाबाद के डिप्टी मेयर रतन दीक्षित उपस्थित रहे। इस अवसर पर प्रख्यात लोक संस्कृति विशेषज्ञ अयोध्या प्रसाद कुमुद की पुस्तक कालपी का विमोचन साहित्य अकादमी से सम्मानित डा. रामशंकर द्विवेदी ने किया।
इस अवसर पर साहित्यकार डा. परिचय दास ने कहा कि पत्रकारिता का काम केवल खबरें देना नही है। पत्रकारों को संस्कृति और भाषा के विकास की दिशा में भी काम करना चाहिए। लखनऊ से पधारे प्रमोद गोस्वामी, अजय कुमार, वीर विक्रम बहादुर मिश्र और पूर्व सूचना आयुक्त वीरेंद्र सक्सेना ने भी विचार प्रकट किये। वक्ताओं ने मीडिया को आज की सबसे शक्तिशाली विधा बताया। लेकिन कहा कि पत्रकारों को इसकी वजह से किसी तरह का गुरूर करने की बजाय अपने पेशे की गरिमा का निर्वाह करने का ध्यान सदैव रखना चाहिए।
कार्यक्रम का संचालन डा. रेनू चंद्रा ने किया। कवि साहित्यकार और अधिवक्ता यज्ञदत्त त्रिपाठी, कालपी के विधायक नरेंद्र सिंह जादौन, कैलाश पाठक, उपजा के जिलाध्यक्ष अरविंद द्विवेदी, ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के श्रवण कुमार द्विवेदी, उपजा के पूर्व जिलाध्यक्ष नाथूराम निगम और इस वृहत सम्मेलन के संयोजक अनिल शर्मा ने भी विचार प्रकट किये।

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