उरई। यूपी विधान परिषद में शिक्षा क्षेत्र की तरह ही व्यापार क्षेत्र से प्रतिनिधित्व करने वाला होना चाहिये जिससे व्यापारियों की समस्याओं को विधान सभा और विधान परिषद में उठाया जा सके। यह बात उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मण्डल के प्रदेश महामंत्री दिलीप सेठ ने जालौन के उरई में पत्रकारों से बात करते हुये कही।
वह जालौन जनपद की जिला कार्यकरणी को घोषित करने आये थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में लगातार व्यापारियों का शोषण हो रहा है और इस बात को कोई भी विधान सभा और विधान परिषद में नहीं उठाता है। इसीलिये प्रदेश सरकार को व्यापार क्षेत्र से एक प्रतिनिधि विधान परिषद में भेजना चाहिए जिस तरह से शिक्षा क्षेत्र से एमएलसी चुनकर भेजे जाते है। उन्होने कहा कि जो रजिस्ट्रर्ड व्यापारी है और जो जीएसटी के दायरे में आते है उन्हे वोटर बनाया जाये और उन्हीं के द्वारा एक एमएलसी चुना जाये जो व्यापारियों के मुद्दे को उठा सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश में व्यापारियों का लगातार शोषण हो रहा है और कोई भी लाईसेंस रिनूवल के नाम पर तो कभी जीएसटी के नाम पर लेकिन अब यह नहीं चलेगा। इसके लिये व्यपारी संघर्ष करेगा। इस दौरान जिलाध्यक्ष तरुण तिवारी भी मौजूद रहे।




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