जालौन। मोबाइल एवं मोबाइल एसेसरीज की बिक्री कर वापस लौट रहे सेल्समैन को सातमील के पास बाइक सवार बदमाशों ने रोककर उसकी जेब में पड़े चालीस हजार छीन लिए। पीडि़त ने मामले की जानकारी कोतवाली पुलिस को दी। सूचना पर पुलिस ने मौके का मुआयना कर बदमाशों की खोज शुरू की। हालांकि पुलिस मामले को संदिग्ध मान रही है। साथ ही पीडि़त ने अभी तक कोतवाली में तहरीर भी नहीं दी है।उरई निवासी हफीजुर्रहमान की माहिल तालाब के पास मोबाइल व एेसेसरीज की थोक की दुकान है। उनके यहां शांति नगर उरई निवासी वीरेंद्र सिंह सेल्समैन का कार्य करता है। गुरुवार की शाम वह जालौन में मोबाइल की दुकानों पर सामान देने के लिए आया था। देर शाम करीब सात बजे जब वह दुकानों पर सामान देकर व बिक्री के रुपए लेकर बाइक से वापस उरई लौट रहा था। पीडि़त का आरोप है कि वापसी में उरई रोड पर अकोढ़ी दुबे और सातमील के बीच एक बाइक पर सवार तीन व्यक्तियों ने ओवरटेक करते हुए उसके आगे बाइक रोक दी और जबरन उसको भी रोक लिया। इसके बाद एक व्यक्ति ने तमंचा दिखाकर जबरन उसकी जेब में पड़े बिक्री के चालीस हजार रुपए छीन लिए। जब उसने विरोध किया तो दूसरे व्यक्ति ने उसे धक्का दे दिया जिससे वह सडक़ किनारे खाई में गिर गया। इसके बाद तीनों बदमाश बाइक पर ही वहां से भाग गए जिसके बाद उसने दुकान मालिक को मामले की जानकारी दी। दुकान मालिक ने पुलिस को जानकारी दी। जानकारी मिलते ही इंस्पेक्टर क्राइम अनिल कुमार हमराहियों के साथ मौके पर पहुंचे और घटना स्थल का मुअयना किया। उक्त संदर्भ में इंस्पेक्ट क्राइम अनिल कुमार ने बताया कि सेल्समैन के अनुसार घटना लगभग सात बजे की है जबकि जिस मोबाइल की दुकान पर उसने अंत में सामान दिया उसमें लगे सीसीटीवी कैमरे में वह लगभग सवा पांच बजे सामान देकर निकल गया था जबकि घटना स्थल की दूरी पंद्रह मिनट से अधिक नहीं है। पहले वह लगभग चालीस हजार रुपए के कीपैड मोबाइल भी छीने जाने की बात कर रहा था। जब पुलिस ने उससे मोबाइल के आईईएमआई नंबर मांगे तो वह मोबाइल छीने जाने की बात से मुकर गया। न ही उसने घटना के संदर्भ में अभी तक कोतवाली में तहरीर दी है जिसके चलते मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है। फिर भी पुलिस अपने स्तर से मामले की जांच कर रही है। यदि तहरीर मिलती है तो उचित कार्रवाई की जाएगी।







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