मोठ – झांसी | रोडवेज के बस चालक की दादागिरी और खराब बस के कारण दर्जनों वृद्ध , महिला और पुरुष यात्री घंटों परेशान रहे | तीन घंटे मरण यात्री भीषण गर्मी में गला तर बनाए रखने के लिए कई -कई बार पानी की बोतल या कोल्ड ड्रिंक तलाशते रहे | पत्रकार सहित कई यात्रियों को उरई में शादी समारोह में पहुंचना था लेकिन साढे बारह बजे रात तक वह विवाह समारोह मे पहुंच नही पाए |
मालूंम हो कि ललितपुर डिपो की बस नं up 93 A/ T 7222जो ललितपुर से कानपुर जा रही थी | यह बस झांसी से कल रात करीब 7. 20 बजे चली | बस की स्पीड थीमी थी | जब कुछ यात्रियों ने तेजी से बस चलाने को कहा तो डाइवर ने यात्रियों से नाराजगी भरे स्वर में कहा कि गेयर बक्से में कुछ खराबी है | आगे किसी दुकान पर बेल्डिग करा लूँगा | बस खरामा ,खरामा चलते हुए मोठ तक पहुंची और खाराब होकर बंद हो गई | इसके बाद खराद मशीन की दुकान से मालिक और मेन मिस्त्री को बुलवाया गया जिसमें आधा घंट लग गया | जब यात्री गर्मी से पीडित होकर खास तौर पर वृद्ध लोग कहने लगे कि आपको झासी में ही बस दिखा लेनी चाहिऐ थी तो हम लोगों को बेकारमें परेशान न होना पडता | इस पर बस का चालक गुस्से में बोला कि इतना ही जल्दी जाना था तो किराऐ से कार ले लेते | यह तो रोडवेज बस है | खराब हो गई तो मैं क्या करूँ | इस बीच मोठ में 8/ 30 बजे से लेकर जब 10/ 30 बजे तक बस नहीं ठीक हुई तो पत्रकार ने फिर से आर एम से बात की | उन्होने जब झांसी से सवारी लेकर कानपुर जा रही बस के चालक , परिचालक फोन किया तो यह बस रात्रि 11 बजे मोठ पहुंची तो उसमें किसी तरह उसमें घुसकर मेरे सहित करीब 15 यात्री बैठ गये | इस बस ने करीब 12 / 30 बजे यानी 25 जून / 26 जून की रात 12 बजकर 45 मिनट पर हम यात्री उरई पहुंचे | तब तक मित्र की बेटी की शादी की जयमाल कार्यक्रम करीब दो घंटे पहले ही निपट चुका था | यही हाल कानपुर में मरीज दिखाने जा रहे यात्री भी लगभग 4 बजे मुश्किल से पहुँच पाए | रात्रि में करीब 12 बजे जब मोठ में पता किया तो पता चला वो रोडवेज की बस अभी सुधर रही है | प्रमुख सचिव एल वेंकट लू जी से झांसी से कानपुर के बीच के यात्री यह मांग करते हुए अनुरोध कर रहे हैं कि इस रुट की रोडवेज की जो भी बस आए वह रोड वेज वर्क शाप मे पहले जांच करवा कर खराबियाँ दूर करके ही यात्रियों को लेकर चले क्योंकि यात्री टिकट लेकर परिवहन को राजस्व देकर चल रहा है | इसलिए यात्री के सम्मान और समय की परवाह की जानी चाहिए |








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