0 कशिश रेप मामले में बंद वेटरों के परिजनों का गुस्सा फूटा
0 भगत सिंह चैराहे पर जाम लगाकर पुलिस की वसूली के खिलाफ दिखाये उग्र तेवर
05orai0205orai01
उरई। दो मार्च को राठ रोड स्थित एक गेस्ट हाउस में विवाह समारोह से लापता बालिका की रेप के बाद हत्या के मामले में तीसरे दिन भी दोषी को पकड़ने के नाम पर पुलिस खाली हाथ नजर आ रही। दूसरी ओर उसने गेस्ट हाउस के वेटर, डीजे संचालक और हलवाई को हवालात में बंद रख छोड़ा है जबकि हर तरीके से पूंछतांछ के बावजूद उनकी मामले में संदिग्ध भूमिका कोई सबूत पुलिस को नही मिल पाया है। इससे आक्रोशित पीड़ितों के परिजनों ने शहीद भगत सिंह चैराहे पर जाम लगा दिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों की पुलिस के साथ धक्का-मुक्की हो गई। यहां तक कि सीओ सिटी डाॅ. जंग बहादुर सिंह के साथ भी झूमा-झटकी हुई।
7 वर्षीय बालिका कशिश की रेप के बाद हत्या के मामले में पुलिस अभी भी अंधेरे में तीर चला रही है। वारदात के समय तो पुलिस की लापरवाही सामने आई ही थी। इसके बाद छानबीन में पुलिस द्वारा लाइन से भटककर लोगों को पकड़ने और छोड़ने के नाम पर धंधा करने के आरोपों से भी घिर गई है। इस मामले में तीन दिन से हवालात में बंद गेस्ट हाउस में कैटरिंग, डीजे आदि का काम करने वालों के परिजनों का धैर्य आज टूट गया। बड़ी संख्या में महिलाओं सहित परिजन शहीद भगत सिंह चैराहे पर एकत्र हो गये। वे हाथों में कशिश को न्याय दिलाओ दोषियों को सजा दो आदि लिखी तख्तियां लिये थे। साथ ही वे नारेबाजी भी कर रहे थे पुलिस प्रशासन हाय-हाय, अपराधी को फांसी दो। इस दौरान व्यस्ततम चैराहा होने से जाम लग गया। खबर पाकर सीओ सिटी डाॅ. जंग बहादुर सिंह फोर्स लेकर पहुंच गये। उन्होंने जाम हटाने की गुजारिश की लेकिन प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उन्हें पुलिस पर कोई विश्वास नही है। बातचीत के लिए डीएम को बुलवाओ। एक दरोगा ने प्रदर्शनकारियों को आंखे दिखाई तो वे भी हमलावर हो गये और वर्दी तानकर उन्होंने दरोगा की छीछालेदर कर दी। सीओ डाॅ. जंगबहादुर सिंह यादव हस्तक्षेप करने के लिए बढ़े तो उनसे भी धक्का-मुक्की की गई। पुलिस ने हालांकि धैर्य से काम लिया जिससे आखिर में प्रदर्शनकारी शांत हो गये और प्रदर्शन छटने से जाम खुल गया।

Leave a Reply