0 इप्टा ने मौजूदा ज्वलंत समस्याओं को नाटक के जरिये उकेरा
कोंच-उरई। कमला नेहरू बालिका इंटर कॉलेज में जारी दर्पण जन कल्याण समिति की नाट्य प्रशिक्षण कार्यशाला में आज बच्चों को रंगोली बनाने तथा क्ले आर्ट का प्रशिक्षण दिया गया। संस्था द्वारा निकाली जाने वाली साहित्यिक व रचनात्मक पत्रिका गुलिस्तां के लिये रचनाओं और लेखों को संकलित करने की भी शुरुआत कर दी है। इधर, बजरिया स्थित चैबे पार्क में इप्टा द्वारा संचालित नाट्य प्रशिक्षण कार्यशाला में मौजूदा ज्वलंत समस्याओं को नाटक के माध्यम से बखूबी उकेरा गया।
दर्पण की कार्यशाला में कार्यशाला निदेशक व संस्था प्रमुख डॉ. मृदुल दांतरे, प्रशिक्षक सूर्यदीप सोनी, दीपक सोनी, मोहित कौशल, तनु अग्रवाल, शिवांगी अग्रवाल, ऋतिक याज्ञिक ने बच्चों को गायन और अभिनय के बारे में बताया। कार्यशाला आयोजक देवेन्द्र अग्रवाल, के अलावा सुमित झा, शिवम झा, नेहा राठौर, मुकेश रायकवार, शिवाली दुवे, अमित चैरसिया आदि ने नाटक सरहदें, श्पानी रे पानी्य व वृद्धावस्था का मंचन कराया। इस दौरान अमन रावत, धु्रव सोनी, शिफा मंसूरी, सोनम राईन, आकांक्षा, दीक्षा त्रिपाठी, दीक्षा दुवे, प्रतीक दुवे, सोम शुक्ला, आदित्य, हिमांशु राठौर सहित तमाम रंगकर्मी मौजूद रहे। इधर, इप्टा की कार्यशाला में पूंजीवाद और सरकार की गलत नीतियों के कारण जल, जंगल व जमीन जैसे प्राकृतिक संसाधनों को बाजारू माल बना देने की भयावह स्थिति को नाटक के माध्यम से बखूबी उकेरा गया। कोंच में इप्टा के संस्थापक अध्यक्ष रहे डॉ. मोहम्मद नईम ने कहा कि वैश्विक पूंजीवाद के खूनी पंजों ने एक ओर किसानों, श्रमिकों और छोटे व्यापारियों के रोजगारों को छीना है तो दूसरी ओर उन्हें उनकी जड़ों से भी पलायन के लिये मजबूर किया जा रहा है। भानुप्रकाश हूंका, राकेश शुक्ला, इप्टा प्रमुख अतुल चतुर्वेदी आदि ने भी बच्चों को जरूरी टिप्स दिये।







Leave a Reply