
उरई। जिला मुख्यालय उरई सक्रिय ई रिक्शा के खिलाफ ऑटो एसोसिएशन ने मुहिम छोड़ दी है। दरअसल ऑटो चालकों से हर महीने वसूली करने वाली ऑटो एसोसिएशन को अच्छी खासी वसूली हो जाती है जबकि ई रिक्शा चालकों से एक धेला भी नहीं मिल पाता है। यही वजह है कि ऑटो एसोसिएशन द्वारा ई रिक्शा चालकों के खिलाफ बार-बार प्रशासन को ज्ञापन देकर गुमराह करने का प्रयास किया जा रहा है।
शहीद चंद्रशेखर आजाद ऑटो एसोसिएशन के गोपाल शर्मा के अलावा शिव कुमार शुक्ला, अनिल कुमार, वसीम अंसारी, रामशरण राजपूत, राजकुमार, रविशंकर, रोहित सिंह, पप्पू सिंह अमित शाह, रामकुमार सिंह, आज तमाम ऑटो चालकों ने प्रशासन को दिए गए ज्ञापन में अवगत कराया कि नगर में यातायात ऑटो एसोसिएशन के द्वारा प्रमुख भूमिका निभाई जा रही है लेकिन नगर में बैटरी चालित रिक्शा जिनमें कुछ अच्छी क्वालिटी के हैं। शेष चाइना मेड बैटरी चालित रिक्शों की भरमार है। जिससे कभी भी दुर्घटनाएं घट सकती हैं क्योंकि इन बैटरी चालित रिक्शों का कोई भी पंजीकरण, बीमा, फिटनेस नहीं होती है और ना ही रोड टैक्स अदा करते है ं जबकि ऑटो के द्वारा यातायात नियमों का पालन किया जाता है और रोड टैक्स भी जमा किया जाता है। जिससे सरकारी राजस्व की पूर्ति होती है। उन्होंने आरोप लगाया कि ई रिक्शा चालकों द्वारा एमबीएक्ट के प्रावधानों का पालन नहीं किया जाता है। उन्होंने बैटरी चालित रिक्शों पर भी बीमा परमिट जारी करने की मांग की है। उल्लेखनीय है की ऑटो एसोसिएशन को टैंपो चालकों से हर माह मोटी सुविधा शुल्क प्राप्त होती है। जबकि ई रिक्शा चालकों से उन्हें कुछ नहीं मिल पाता है। यही नहीं ई-रिक्शा आम आदमी को उनके घर तक पहुंचाने का कार्य करता है जबकि टैम्पो चालक सवारियों को रोड पर ही छोड़ देते हैं जिस से आम सवारियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है कुछ भी हो ऑटो एसोसिएशन के द्वारा इसी खुन्नस के कारण ई-रिक्शा चालकों के खिलाफ अभियान छेड़ रखा गया है।




Leave a comment